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एक्सक्लूसिव खबर: मेडिकल साइंस
एआई का कमाल: अब 65 हजार लोगों के स्लीप डेटा से खुलेगा सेहत का राज; एक रात की नींद से 130 बीमारियों और मृत्यु के जोखिम की भविष्यवाणी
नई दिल्ली | हेल्थ डेस्क
नींद अब सिर्फ थकान मिटाने का जरिया नहीं रही, बल्कि यह आपके भविष्य की सेहत का अलार्म बन गई है। स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी के वैज्ञानिकों ने 65 हजार लोगों के 5.85 लाख घंटे के स्लीप डेटा का विश्लेषण कर एक ऐसा एआई (AI) मॉडल तैयार किया है, जो नींद के दौरान शरीर की गतिविधियों को ट्रैक कर 130 तरह की बीमारियों की भविष्यवाणी कर सकता है।
नेचर मेडिसिन जर्नल में प्रकाशित इस रिसर्च के मुताबिक, यह मॉडल 10 में से 8 मामलों में बिल्कुल सटीक भविष्यवाणी करता है। एआई मॉडल शरीर में होने वाले बदलावों को ‘सी-इंडेक्स’ (C-Index) स्कोर के जरिए मापता है, जिसकी सटीकता 0.75 से अधिक पाई गई है।
किस बीमारी का क्या है ‘मीटर’ (जोखिम स्कोर)?
वैज्ञानिकों द्वारा तैयार किए गए इस ‘एआई मॉडल’ ने अलग-अलग बीमारियों के लिए सटीकता का जो मीटर (स्कोर) निर्धारित किया है, वह इस प्रकार है:
* ब्रेस्ट कैंसर (मीटर: 0.89): यह मॉडल महिलाओं में ब्रेस्ट कैंसर के खतरे को 0.89 के हाई स्कोर के साथ बेहद सटीकता से पहचान सकता है।
* डिमेंशिया (मीटर: 0.85): दिमागी बीमारी डिमेंशिया का पूर्वानुमान लगाने में यह मॉडल 0.85 के स्कोर तक सफल रहा है।
* मृत्यु का जोखिम (मीटर: 0.84): सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि किसी भी कारण से होने वाली मृत्यु के जोखिम को यह 0.84 की सटीकता से बता सकता है।
* हार्ट अटैक (मीटर: 0.81): अचानक आने वाले हार्ट अटैक के खतरे को यह 0.81 के स्कोर के साथ पहले ही भांप लेता है।
* हार्ट फेलियर (मीटर: 0.80): दिल के फेल होने की संभावनाओं को भी यह 0.80 के स्कोर के साथ पहचानने में सक्षम है।
* किडनी रोग (मीटर: 0.79): किडनी से जुड़ी समस्याओं के लिए इसका प्रेडिक्शन स्कोर 0.79 दर्ज किया गया है।
* स्ट्रोक (मीटर: 0.78): ब्रेन स्ट्रोक के खतरे को यह मॉडल 0.78 की सटीकता के साथ बता सकता है।
भविष्य की तकनीक
स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी के स्लीप मेडिसिन के प्रोफेसर इमैनुअल मिग्नोट का कहना है कि नींद के दौरान 8 घंटे में शरीर से जुड़े कई महत्वपूर्ण संकेत रिकॉर्ड होते हैं। यह एआई मॉडल इन संकेतों को डिकोड कर डॉक्टरों को बीमारी शुरू होने से पहले ही सतर्क कर सकता है, जिससे लाखों जानें बचाई जा सकेंगी।










